लखनऊ (हि.स.)। वन विभाग तीस करोड़ पौधरोपण अभियान के तहत इस वर्ष रामायण कालीन पौधों के रोपण पर अधिक बल देगा। इसके लिए नर्सरी भी तैयार कर ली गयी है। वाल्मिकी रामायण में जिन वृक्षों का उल्लेख मिलता है, उनकी संख्या प्रदेश में कम हो गयी है अथवा कई वृक्ष प्रदेश में नही पाये जाते। उन वृक्षों में से कुछ को इस वर्ष बढ़ावा देने के लिए वन विभाग ने पहल की है।
इस सम्बंध में शुक्रवार को मुख्य वन संरक्षक ने बताया कि रामायण कालीन पेड़ों की प्रदेश में कमी हो गयी है। इस कारण इस पर विशेष अभियान चलाकर इस वर्ष सॉल, आम, अशोक, कल्प वृक्ष, बरगद, महुआ आदि ऐसे पौधे, जिनका बाल्मीकि रामायण में वर्णन मिलता है। उनका पौधरोपण ज्यादा कराने की तैयारी है। लोगों को भी इसको लगाने के लिए जागरूक किया जा रहा है।
