-अनुज्ञापियों को दुकानों पर 24 घंटे सीसीटीवी कैमरे रखने होंगे चालू
गाजियाबाद(हि. स.)। पड़ोसी राज्यों से उत्तर प्रदेश में शराब की तस्करी रोकने के लिए जिला प्रशासन ने कड़े कदम उठाए हैं। जिला प्रशासन ने अब साफ कर दिया है कि किसी भी शराब की दुकान पर यदि तस्करी की शराब पाई गई तो दुकानदार के खिलाफ न केवल गुंडा एक्ट में कार्रवाई की जाएगी। बल्कि उसका लाइसेंस भी तत्काल प्रभाव से निरस्त कर संपत्ति भी जब्त जाएगी।
यह निर्णय सोमवार को जिला मुख्यालय पर अधिकारियों व शराब के लाइसेंसधारियों की बैठक में लिया गया। जिला आबकारी अधिकारी राकेश कुमार सिंह अध्यक्षता में संपन्न हुई इस बैठक में पड़ोसी राज्यों से हो रही शराब की तस्करी पर चिंता व्यक्त की गई। इस संबंध में तस्करी को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने का फैसला लिया गया।
जिला आबकारी अधिकारी राकेश कुमार सिंह ने बताया कि देशी शराब खास तौर पर ग्रामीण क्षेत्र की शराब की दुकानों के आसपास, परचून की दुकानों व साप्ताहिक बाजार आदि इलाकों में शराब की बिक्री होने की सूचनाएं लगातार मिल रही हैं। बैठक में मौजूद आबकारी निरीक्षकों को निर्देशित किया कि इस प्रकार की गतिविधियों पर निगरानी रखें और सूचना मिलते ही संबंधित के खिलाफ वैधानिक कार्यवाही करें।
शराब की दुकानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के आदेश भी अनिवार्य किये गए। यह सभी कैमरे 24 घंटे क्रियाशील रहेंगे। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा जांच में यदि किसी दुकान के अंदर तस्करी की शराब पाई गई।तो संबंधित लाइसेंस धारी के खिलाफ न केवल अपराधिक धाराओं में थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। बल्कि उसके खिलाफ गुंडा एक्ट की कार्रवाई भी की जाएगी। साथ ही उसके संपत्ति का जब्तीकरण करने के बाद लाइसेंस को निरस्त कर दिया जाएगा। आदेश का सख्ती के साथ पालन किया जाएगा।
