लखनऊ (हि.स.)। समाजवादी पार्टी के प्रदेश कार्यालय में पूर्व मुख्यमंत्री और सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मुजफ्फरनगर से पूर्व सांसद कादिर राणा, बसपा छोड़कर आये राष्ट्रीय महासचिव आरएस कुशवाहा, वाराणसी के पूर्व विधायक उदयलाल मौर्य, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष मधुकर तिवारी, राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रदेश अध्यक्ष हरिकिशोर तिवारी समेत कई चेहरों को पार्टी की सदस्यता ग्रहण करायी।
सपा सदस्यता लेने के बाद आरएस कुशवाहा ने कहा कि हम पूरे प्रदेश में अपने समर्थकों के साथ सपा में सदस्यता ले रहे हैं। इस दौरान उन्हाेंने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि जुमलेबाजों की सरकार चल रही है। 15 लाख बांटने की बात की थी, ढेरों वायदें किये थे, जो सरकारें रही कोई वायदे पूरे करते नजर नहीं आये। जनता परेशान है, गांव का व्यक्ति परेशान है।
कहा कि लखीमपुर की घटना किसी से छुपी नहीं है। मैं वहीं से विधायक, एमएलसी रहा हूं, किसान न्याय चाहता है लेकिन वह इस सरकार से मिलने वाला नहीं है। आज देश का किसान हो या व्यापारी हो, युवा हो हर वर्ग के लोग सरकार से त्रस्त हैं। हर व्यक्ति अखिलेश यादव की ओर देख रहा हैं। कब उन्हें मौका मिले और समाजवादी पार्टी की सरकार ज्यादा से ज्यादा सीटें जीताकर सरकार बनाये।
कहा कि बसपा अपने सर्वजन हिताय सर्वजन सुखाय के नारे से भटक गयी है। 20 वर्ष पुराने हमारे साथी बसपा छोड़कर सपा ज्वाइन कर रहे हैं। मैं हृदय से चाहता हूं कि सपा की बहुमत में सरकार बने। अखिलेश यादव जब समय देंगे, पूरे प्रदेश के लोगों को लाकर खड़ा कर दूंगा।
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के अध्यक्ष हरिकिशोर तिवारी ने कहा कि 15 वर्षों से सरकारों से लड़ा हूं। प्रदेश सरकार ने साढ़े चार लाख नौकरी का दावा किया जा रहा है। सरकार नौकरी समाप्त कर रही है और आउटसोर्सिंग पर काम करा रही है। हम चाहते है कि प्रदेश में अखिलेश यादव की सरकार बने।
मुजफ्फरनगर से पूर्व सांसद कादिर राणा ने कहा कि नेताजी ने हमें हर समय दिशा दिखाने का काम किया। जब मुझे एमएलसी का चुनाव लड़ाया गया, तो तभी से मैं उनके परिवार का सदस्य हूं। अखिलेश यादव भावी मुख्यमंत्री तो है ही, यूथ चाहता है आप प्रधानमंत्री भी हो। मैं चाहता हूं नेताजी स्वस्थ्य हो और प्रचार में भी आये।
समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि आज सपा ज्वाइन करने वाले वरिष्ठ नेताओं और कर्मचारी नेताओं का स्वागत है। हरिकिशोर तिवारी को भरोसा दिलाते हैं, जब घोषणा पत्र बनेगा तो उसमें कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान कैसे हो इसका रास्ता बनाया जायेगा।
अखिलेश यादव ने कहा कि जो सरकार आज सत्ता में है, बहुत भरोसा दिलाया और जनता ने इतना वोट दिया कि बहुत विधायक सांसद जीते। महंगाई को रोकने का दावा किया जा रहा था, जो सुबह की चाय से लेकर आसपास दिख रही चीजों के दाम बढ़े हैं। गरीब भरपेट भोजन भी नहीं कर सकते, ऐसी स्थिति में भाजपा सरकार ने लाकर छोड़ा है।
उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी की सरकार में गरीब को एक दिन दूध देते थे। बुंदेलखंड में घी और दूध की व्यवस्था की जाती थी। मथुरा में अक्षयपात्र का उदघाटन हुआ था, उसी समय 10 किचन और बने, उसका धन बजट से दिया गया। इस सरकार के साढ़े चार वर्ष बीत गये और एक यूनिट लखनऊ में थी, उसे भी बंद कर दिया। नौजवानों के भविष्य की चिंता ना हो, जिस सरकार को उसे क्या कहेंगे।
कहा कि प्रधानमंत्री से उदघाटन कराया गया था, एक करोड़ नौकरी देने का दावा किया गया था। नौकरी वाली सूची सरकार दिखाये। ये सरकार किसानों के खिलाफ है। उसे आतंकवादी कहना, मवाली कहा जा रहा है। बिजली कितनी महंगी हो गयी है। बिजली खरीद में मुनाफा कौन कमा रहा है। त्योहार पर भी बिजली नहीं दे पाये। पेट्रोल 100 के पार हो गया है, सरकार को पता नहीं है।
कहा कि सरकार के पास केवल नाम बदलना ही है, रंग बदलना, नेम प्लेट बदलवाना, होर्डिंग लगवाना, गंगाजल छिड़कवाना, कार पलटवाना, गढ्ढों की जगह जेब भरना और अकेले में थर्माप्लांट बोलने की प्रैक्टिस करना।
