– विंध्याचल के ऐतिहासिक, पौराणिक और भौगोलिक महत्व जान सकेंगे पर्यटक
– 23 करोड़ से चमकेगा दीवान घाट, पर्यटन विभाग ने शासन को भेजी कार्ययोजना
– मीरजापुर में पर्यटन की असीम संभावनाएं, ठहरने को मजबूर होंगे विदेशी पर्यटक
मीरजापुर (हि.स.)। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का ड्रीम प्रोजेक्ट विंध्य कारिडोर मां विंध्यवासिनी की महिमा का अहसास कराएगा, तो वहीं विंध्याचल का दीवान घाट आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देगा। गुलाबी पत्थर की आभा से दमकता विंध्य कारिडोर श्रद्धालुओं को लुभाएगा ही, आध्यात्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विंध्याचल के दीवान गंगा घाट पर लाइट एंड साउंड शो सिस्टम की भी व्यवस्था की जाएगी। ध्वनि और प्रकाश के बेहतरीन संयोजन से विंध्याचल के ऐतिहासिक, पौराणिक और भौगोलिक महत्व के बारे में श्रद्धालुओं को आकर्षक ढंग से जानकारी दी जाएगी।
जिलाधिकारी दिव्या मित्तल की पहल पर पर्यटन विभाग ने 23 करोड़ रुपये की कार्ययोजना तैयार कर शासन को भेजा है। उत्तर प्रदेश विंध्यधाम तीर्थ विकास परिषद के निर्णय के बाद पर्यटन विभाग ने लाइट एंड साउंड शो सिस्टम लगाने के लिए कार्ययोजना तैयार कर मुख्यालय भेज दिया है। खूबसूरत और पर्याप्त स्थान होने की वजह से लाइट एंड साउंड शो के लिए दीवान घाट को चुना गया है। लाइट एंड साउंड शो शुरू होने के बाद पर्यटकों को दर्शन-पूजन के बाद विंध्याचल में रुकने के लिए एक और वजह मिल जाएगी। इससे रोजगार में भी वृद्धि होगी।
फसाड लाइट बढ़ाएगी चुनार किले की खूबसूरती, 16 लाख से बनेगा पक्का घाट
चुनार का बालू घाट भी जल्द ही पक्का होगा। इसके लिए पर्यटन विभाग ने 16 लाख रुपये की कार्ययोजना तैयार कर शासन को भेजी है। पक्का घाट बनने से पर्यटक व स्थानीय लोग गंगा दर्शन का आनंद ले सकेंगे। वहीं, बाहर से जलमार्ग के माध्यम से आने वाले पर्यटक भी यहां रुक सकेंगे। चुनार किले की खूबसूरती और बढ़ाने के लिए जल्द ही फसाड लाइट लगाई जाएगी। इसके माध्यम से चुनार का किला शाम ढलने के बाद और आकर्षक नजर आएगा। इससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
युवाओं को मिलेंगे अवसर, विकसित होगी नई संभावनाएं
जिलाधिकारी दिव्या मित्तल ने कहा कि मीरजापुर में पर्यटन की असीम संभावनाएं हैं। बाहर से आने वाले पर्यटक यहां ज्यादा समय बिताएं। इसके लिए विभिन्न योजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। विंध्य कारिडोर के निर्माण के साथ आसपास के पर्यटन स्थलों को विकसित करने का काम विभिन्न विभागों के साथ मिलकर किया जा रहा है। जिले में पर्यटक जितना समय बिताएंगे, रोजगार के उतने ही रास्ते खुलेंगे। इससे युवाओं को अवसर मिलेंगे और नई संभावनाएं विकसित होंगी।
कमलेश्वर शरण/मोहित
