– सूबे में जब बह रही है अमन चैन की गंगा, निवेश की हो रही बारिश
– अब अपराधियों के लिए नहीं बची कोई जगह, 44 योजनाओं के क्रियान्वयन में यूपी पहले स्थान पर
कानपुर (हि.स.)। पिछले चार साल में परिवर्तन की हवा नहीं बल्कि आंधी चली है। जो काम 70 साल में नहीं हुए वह साढे चार साल की सीएम योगी के नेतृत्व वाली सरकार ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में कर दिखाया है। प्रदेश में सकारात्मक बदलाव देखकर विरोधी भी दातों तले उंगली दबाने को मजबूर हैं। निवेश लाने से लेकर आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्टर बुनियादी सुविधाओं के विकास व जनकल्याण के कार्य इतनी रफ्तार से हुए कि यूपी की तस्वीर पूरी तरह से ही बदल गई है। इस प्रकार आज का यूपी बेजोड़ है और विकास हर और है। यह बातें सोमवार को कानपुर पहुंचे उप मुख्यमंत्री डा. दिनेश शर्मा ने कही।
अपराध और अपराधियों की शरणस्थली कई जाने वाले यूपी में अब अपराधियों के लिए कोई जगह नहीं बची है। अपराधी यूपी छोड़कर भाग रहे हैं और सूबे में अब अमन चैन की गंगा बह रही है। कानून के राज में निवेश की बारिश हो रही है। करीब साढे चार लाख करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए हैं उनमें से तीन लाख करोड़ के प्रस्ताव पर काम आरंभ हो चुका है। हाल यह है कि कोरोना जैसे समय में जब दुनिया के बड़े देशों से निवेशक अपने कारोबार को समेट रहे थे उस समय में भी प्रदेश में 56 हजार करोड़ के निवेश प्रस्ताव आए हैं। यह बदलाव सरकार के रिफार्म और परफार्म का नतीजा है, जिसने निवेशकों का भरोसा जीता है। अब इसी निवेश से प्रदेश के लोगों के तकदीर को बदलने की शुरुआत हो गई है।
योजनाओं के क्रियान्वयन में पहले स्थान पर यूपी
उपमुख्यमंत्री ने कहा कि देश में संचालित प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना, स्मार्ट सिटी योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम जैसी योजनाओं में से 44 योजनाओं के क्रियान्वयन में यूपी पहले स्थान पर है। विकास के चलते ही प्रदेश आज देश की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गया है। 11 लाख करोड़ की अर्थव्यवस्था आज 22 लाख करोड़ की हो गई है। प्रति व्यक्ति आय दोगुनी हो गई है।
ए ग्रेड की हुई शिक्षा व्यवस्था
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकार की कारगुजारियों के चलते बदनाम हो चुकी प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को सुधारने की बड़ी चुनौती थी, पर वर्तमान सरकार के लगातार प्रयासों ने उस शिक्षा व्यवस्था को देश की ए ग्रेड की व्यवस्था में बदल दिया है। आज के यूपी की शिक्षा व्यवस्था सही मायने में दूसरे राज्यों को राह दिखा रही है। नकल के लिए बदनाम प्रदेश नकलविहीन परीक्षा का माडल बन गया है। तकनीक के प्रयोग से नकलविहीन परीक्षा संचालित करने का अनूठा माडल तैयार किया गया है। आजादी के बाद हुए पाठ्यक्रम में बदलाव ने विद्यार्थियों के सपनों को नए पंख दे दिए है। यूपी में बनी डिजिटल लाइबेरी विद्यार्थियों की जिज्ञासा को शान्त करने व ज्ञान बढ़ाने का माध्यम बन रही है। नए खुले 12 विश्वविद्यालय ज्ञान के प्रकाश फैलाने में सहायक हो रहे हैं। नई शिक्षा नीति के क्रियान्वयन में भी यूपी अब्वल है और नए अवसर प्रदान कर रहा है।
बेरोजगारी खत्म करने का है लक्ष्य
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि साढे चार साल की सरकार में बिना किसी विवाद के साढे चार लाख नौकरियां दी गई हैं। सरकार का लक्ष्य प्रदेश में बेरोजगारी को पूरी तरह से समाप्त करने का है। वर्तमान सरकार के कार्यकाल में कई प्रकार की योजनाओं से प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित हुए हैं। आज से साढे चार साल पहले आज के इस आत्मनिर्भर होते यूपी की कल्पना भी नहीं की जा सकती थी, पर भाजपा सरकार ने वह कर दिखाया है जो विरोधियों की सोच से भी परे था। आज विकास का अर्थ केवल और केवल प्रदेश में इन्फ्रास्ट्रक्चर का निर्माण कार्य के लिए बेहतर माहौल, अपराध नियंत्रण व जनकल्याण की योजनाओं को बिना भेदभाव के जनता तक पहुंचाना है।
आर्थिक प्रगति में सहायक हो रहे एक्सप्रेस वे
डा. दिनेश शर्मा ने कहा कि भारत सरकार से विभिन्न केन्द्रीय महत्वपूर्ण योजनाओं में वर्ष 2012.17 के मुकाबले वर्ष 2017.21 तक लगभग दोगुनी सहायता प्राप्त हुई है। एक्सप्रेस वे यूपी की पहचान बन रहे हैं तथा आर्थिक प्रगति में सहायक हो रहे हैं। करीब 1604000 करोड़ की लागत से देश का सबसे बड़ा गंगा एक्सप्रेस वे सूबे में बनने जा रहा है। इसके बनने के बाद करीब 20 हजार लोगों के लिए रोजगार सृजन की संभावना है। युवाओं को रोजगार सरकार की प्राथमिकता है। जेवर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट, यमुना एक्सप्रेस वे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के लिए वरदान साबित हो रहा है। इस एयरपोर्ट की वजह से देश तथा विदेश के बड़े—बड़े निवेशक पयरपोर्ट के नजदीक ही अपना उद्यम स्थापित करने में रुचि ले रहे हैं। जेवर एयरपोर्ट के पास यमुना एक्सप्रेस वे के किनारे बनने वाली इलेक्ट्रॉनिक सिटी से करीब 50 हजार करोड़ रुपए का निवेश आने की संभावना है। नए भारत के नए उत्तर प्रदेश में हमने 12 लाख गरीबी के आवास बनाये हैं। इसी प्रकार स्वच्छ भारत मिशन के तहत 21 करोड़ व्यक्तिगत शौचालयों का निर्माण कराया गया है। उज्जवला योजना में 1.56 करोड़ नि:शुल्क गैस कनेक्शन दिए गए, वहीं सौभाग्य योजना में 01 करोड़ 4 लाख से अधिक नि:शुल्क विद्युत कनेक्शन प्रदान किए गए हैं।
