लखनऊ (हि.स.)। इस बार नौ अक्टूबर से शुरू हुए राष्ट्रीय डाक सप्ताह को “नवाचार से कायाकल्प” की थीम के साथ पूरे देश में पूरी शिद्द्त के साथ मनाया जा रहा है। “आज़ादी का अमृत महोत्सव’’ के तीसरे दिन बुधवार को मनाये गये “फिलेटली दिवस” पर उत्तर प्रदेश के चीफ पोस्टमास्टर जनरल कौशलेन्द्र कुमार सिन्हा ने लखनऊ जीपीओ में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और स्वतंत्रता संग्राम में उनकी भूमिका विषयक डाक प्रदर्शनी का शुभारंभ किया। लखनऊ जी. पी. ओ. में जी आई टैग प्राप्त “मलिहाबाद के दशहरी आम” पर उत्तर प्रदेश परिमण्डल के चीफ पोस्टमास्टर जनरल ने विशेष आवरण और विशेष विरूपण भी जारी किया।
आजादी के अमृत महोत्सव’’के अंतर्गत होने वाली गतिविधि के क्रम मे 13 अक्टूबर को फिलेटली दिवस मनाया जा रहा है। इस अवसर पर लखनऊ जी पी ओ के फिलेटलिक ब्यूरो में “भारत की आज़ादी मे स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का योगदान और उनकी भूमिका” विषयक 37 फ्रेम की एक डाक प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मैंगो मैन के नाम से मशहूर पद्मश्री हाजी कलीमुल्लाह खान ने बतौर विशिष्ट अतिथि शिरकत की। इस अवसर पर 2021 यूपीयू अंतरराष्ट्रीय पत्र लेखन प्रतियोगिता में दूसरा स्थान प्राप्त करने वाली अलिस्बा सिद्दीकी को प्रशस्ति पत्र और 10 हज़ार रुपये का चेक प्रदान किया गया ।
इस सम्बन्ध मे लखनऊ (मुख्यालय) डाक परिक्षेत्र के पोस्टमास्टर जनरल विवेक कुमार दक्ष ने प्रदर्शनी देखने आने वाले सभी दर्शकों से कोविड प्रोटोकॉल का विशेष पालन करने की अपील की। उन्होंने बताया कि डाक टिकट के माध्यम से हम इतिहास को संरक्षित करने का कार्य करते हैं । इस अवसर पर दक्ष ने सभी डाक टिकट प्रेमियों को शुभकामनाएं दी ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पद्मश्री हाजी कलीमुल्लाह खान ने दशहरी आम से जुड़े अपने अनुभवों को साझा किया और जल संरक्षण हेतु सभी से अपील की। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि और उत्तर प्रदेश डाक परिमंडल के चीफ पोस्टमास्टर जनरल कौशलेन्द्र कुमार सिन्हा ने सभी को संबोधित करते हुए कहा कि डाक टिकट का संग्रह आज एक रुचि बन गया है। इसको रुचियों का राजा कहा जाता है। डाक टिकटों के माध्यम से हम ऐतिहासिक महत्व की घटनाओं, व्यक्तियों, इमारतों आदि को संरक्षित कर सकते हैं। लखनऊ के चीफ पोस्टमास्टर केएस बाजपेयी ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी का स्वागत और अभिनंदन किया और आज़ादी के अमृत महोत्सव की शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम में निदेशक डाक सेवाएं (मुख्यालय) मोहम्मद शाहनवाज़ अख्तर समेत डाक विभाग के तमाम अधिकारी एवं कर्मचारी तथा अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त फिलेटलिस्ट मौजूद रहे।
