बलिया (हि. स.)। असलहा व्यवसायी आत्महत्या मामले में पुलिस लगातार गिरफ्तारियां कर रही है। गुरूवार को मामले में दो और मुख्य आरोपित हनुमान सिंह व शैलेन्द्र सिंह को गड़वार तिराहे के पास से गिरफ्तार किया गया। छह आरोपितों को पहले ही जेल भेजा जा चुका है।
असलहा व्यवसायी नंदलाल गुप्ता ने एक फरवरी को फेसबुक लाइव कर आत्महत्या कर ली थी। व्यवसायी ने सूदखोरों को इसका जिम्मेवार बताया था। व्यवसायी की पत्नी की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर पुलिस आरोपितों की धर पकड़ में जुटी थी। इस मामले में सबसे पहले राजू मिश्र, अवधेश ठाकुर व सुनील मिश्र की गिरफ्तारी हुई थी। जबकि अन्य मुख्य आरोपितों की गिरफ्तारी न होने से पुलिस ने लगातार दबाव जारी रखा। जिसका नतीजा हुआ कि देवनारायण सिंह पूना, अजय सिंघाल और आलोक सिंह को पुलिस ने दो दिन पहले सिधागर घाट रसड़ा से दबोच लिया था।
पुलिस अधीक्षक राज करन नय्यर के अनुसार कुछ लोगों के द्वारा जबरदस्ती प्रताड़ित करने, फर्जी तरीके से आवासीय भूमि का रजिस्ट्री करा लेने के कारण मानसिक दबाव व तनाव के चलते नन्दलाल गुप्ता ने अपनी ही पिस्टल से आत्महत्या कर ली थी। मुकदमा दर्ज होने के बाद छह आरोपितों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। आज हनुमान सिंह उर्फ रणजीत कुमार सिंह पुत्र स्व नारायण सिंह निवासी रामपुर महावल थाना कोतवाली व शैलेन्द्र सिंह उर्फ पप्पू पुत्र सभापति सिंह निवासी ताखा थाना गड़वार को गड़वार तिराहे के पास से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तों के विरूद्ध धारा 10/23 उप्र साहूकारी अधिनियम समेत अन्य धाराओं में जेल भेज दिया गया। एसपी श्री नय्यर पहले ही घोषणा कर चुके हैं कि इस मामले में गिरफ्तार आरोपितों पर गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई होगी।
पंकज
