-कार सेवकपुरम में परिक्रमा से जुड़े कार्यकर्ताओं की तैयारियों को लेकर हुई बैठक
अयोध्या (हि.स.)। साधू-संतों के मार्गदर्शन में हनुमान मंडल के बैनर तले पवित्र पावनि माता सरयू का आचमन-पूजन कर छह अप्रैल से अठ्ठाइस अप्रैल तक चौरासी कोसी परिक्रमा होगी।
इक्कीस दिवसीय अयोध्या चौरासी कोसी परिक्रमा को सुचारू और व्यवस्थित बनाने के साथ ही बाहर से आने वाले परिक्रमार्थियों के भोजन, जलपान और विश्राम की व्यवस्था के रविवार को कारसेवकपुरम में बैठक कर कार्यकर्ताओं को दायित्व भी सौंपा गया। इस अवसर पर अयोध्या चौरासी कोसी परिक्रमा के प्रभारी सुरेंद्र सिंह ने कहा कि लगातार साधू-संतों के मार्ग दर्शन में चल रही यह परंपरागत परिक्रमा आज संपूर्ण देश में चर्चित हो गयी है। यह देव कार्य है, जो अपनी परंपरा और संस्कृति को संजोए हुए है।
कटरा कुटि के महंत चिनमय दास महाराज ने कहा कि अयोध्या के चौरासी कोस में स्थापित धार्मिक और सांस्कृतिक केन्द्रों के विकास और उत्थान से श्रीराम नगरी के प्रति तीर्थ यात्रियों का रूझान और व्यापक होगा।जिससे चौरासी कोस में स्थानीय रोजगार का मार्ग भी खुलेगा। उन्होंने कहा परिक्रमा समाज में समन्वय स्थापित करती है। यह धर्म कर्म और मोक्ष का द्वार खोलती है। यह अपने ईष्ट के प्रति निष्ठा ही है कि सैकड़ों किलो मीटर की दूरी को हंसते हुए और मार्ग में कष्टों को दरकिनार करते परिक्रमार्थी अपने लक्ष्य की ओर बढते हैं।
इस अवसर पर विहिप के प्रांतीय नेता राकेश वर्मा, शरद शर्मा, धर्माचार्य संपर्क प्रमुख जितेन्द्र , नलनेश सिंह, सुभाष भट्ट, रूदौली नगरपालिका के पूर्व चेयरमैन अशोक कशोधन,सुधांंसु सहित प्रमुख लोग उपस्थित रहे।
पवन
