फिरोजाबाद (हि.स.)। नारखी थाना की पुलिस ने बुधवार को जीजा-साले को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार साले ने अपने जीजा को कर्जदारों से छुटकारा दिलाने के लिये उसके अपहरण और 10 लाख रुपये लूट की झूठी सूचना देकर पुलिस में मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने इनके इस षडयंत्र का पर्दाफाश कर दोनों को जेल भेज दिया है।
गांव गौंछ निवासी सोनू बघेल ने 20 मई को पुलिस को सूचना दी कि उसके जीजा नगला ज्ञान सिंह निवासी अमित कुमार कार से उसके घर गांव गौंछ आ रहे थे। तभी उनके पीछे एक गाड़ी लग गई, जिस पर कोई नम्बर प्लेट नहीं थी। इस गाड़ी में सवार युवकों ने ओवरटेक कर जीजा की कार को रुकवा लिया। फिर नए वाईपास वैंदी पुल के नीचे वहद ग्राम दौलतपुर से उनका अपहरण कर लिया गया। कार में उनके पास 10 लाख रुपये भी हैं। इस सूचना पर तत्काल पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
एसएसपी आशीष तिवारी ने घटना के खुलासे के लिए एएसपी सिटी सर्वेश कुमार मिश्र व टूण्डला सीओ अनिमेश कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीमों का गठन किया। पुलिस के अनुसार जांच में यह मामला पूरी तरह से झूठा निकला। इसके बाद प्रभारी निरीक्षक नारखी प्रदीप कुमार पाण्डेय ने अपहरण की साजिश रचने वाले अपहृत अमित कुमार व झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने वाले उसके साले सोनू बघेल को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में गिरफ्तार अभियुक्त अमित ने वताया कि वर्ष 2018 में निजी क्षेत्र की एक कम्पनी में नोएडा में वह नौकरी करता था। वर्ष 2020 में उसने छोड़ दिया। गांव में आकर स्टॉक मार्केट में पैसा लगाने लगा। इस कारण उस पर लाखों रुपये का कर्जा हो गया। जिन लोगों का पैसा था, वह पैसे लेने के लिये उस पर दबाव बना रहे थे। उनसे पीछा छुड़ाने के लिये उसने अपने साले सोनू के साथ मिलकर अपने अपहरण एवं लूट का झूठा मुकदमा लिखाया था।
कौशल/दीपक/दिलीप
