लखनऊ (हि.स.)। उत्तर प्रदेश सिंधी अकादमी के उपाध्यक्ष नानक चन्द लखमानी ने गुरुवार को इंदिरा भवन के पांचवे तल पर स्थित कार्यालय में पत्रकार वार्ता में कहा कि देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का लखनऊ से गहरा सम्बन्ध था। अटल जी आज भी लखनऊ की गलियों से लेकर सिंधी समाज में याद किए जाते है। अटल जी के जन्मदिवस की पूर्व संध्या पर सिंधी अकादमी के मुख्यालय में एक संगोष्ठी का आयोजन किया जा रहा है।
लखमानी ने कहा कि लॉकडाउन के बाद अब सिंधी अकादमी अपने कार्यक्रमों की शुरुआत कर रहा है। कार्यक्रमों में कुल पांच कार्यक्रम तय किए गए है, पहला कार्यक्रम 19 दिसम्बर को कानपुर में किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि कानपुर में तय कार्यक्रम सिंधी शिक्षामित्र एवं छात्र प्रोत्साहनवृति चेक वितरण और सम्मान समारोह होना है। इसके बाद अटल जी के जन्मदिवस के अवसर पर लखनऊ में सिंधी अकादमी संगोष्ठी करेगा। तदोपरांत ऑनलाइन सिंधी छात्र प्रतियोगिता कार्यक्रम होगा।
उन्होंने कहा कि नए वर्ष पर दो जनवरी पर आगरा में चौथा कार्यक्रम होगा, जिसमें संगोष्ठी व चेक वितरण समारोह होगा। पांचवा कार्यक्रम गणतंत्र दिवस के अवसर पर परेड में झांकी का तय है।
पत्रकार वार्ता में श्री लखमानी ने बताया कि इन कार्यक्रमों के अलावा अकादमी द्वारा साधारण सभा की बैठक में यह तय किया गया कि सिंधी विषय को लेकर उत्तीर्ण होने वाले कक्षा 3 से परास्नातक तक के छात्रों को प्रोत्साहन व्यक्ति धन राशि दोगुना की गई है। कक्षा 3 से 5 तक की राशि 1,200 रुपये, कक्षा 6 से 8 तक की राशि 2,000, कक्षा 9, 10 तक की राशि 3,500, कक्षा 11, 12 की राशि 5,000 रुपये, स्नातक की राशि 6,000 रुपये, परास्नातक की राशि 7,000 रुपये कर दी गई है।
इस अवसर पर सिंधी अकादमी के निदेशक कल्लू प्रसाद द्विवेदी एवं अकादमी सदस्य माधव लखमानी मौजूद रहे।
