Gonda : JE के समर्थन में अभियंताओं का बेमियादी धरना शुरू

जानकी शरण द्विवेदी

गोंडा। उच्च अधिकारियों के निर्देशों के बावजूद बड़े बिजली बाकीदारों के खिलाफ कोई कार्रवाई न करने तथा मिलीभगत करके बिजली की लाइन चालू रखवाने के आरोप में बुधवार को निलम्बित किए गए आवास विकास उपकेन्द्र के अवर अभियंता अजीत सिंह के समर्थन में राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्य संगठन ने मोर्चा खोल दिया है। निलम्बित अवर अभियंता को तत्काल बहाल किए जाने की मांग को लेकर संगठन ने गुरुवार से ही नियुक्ति प्राधिकारी अधीक्षण अभियंता के कार्यालय के समक्ष बेमियादी धरना शुरू कर दिया गया है।
संगठन के जिलाध्यक्ष पवन कुमार ने आरोप लगाया कि उच्च अधिकारियों ने मनमाने व भेदभाव पूर्ण तरीके से प्रकरण में अवर अभियंता को दोषी ठहराते हुए निलम्बित कर दिया गया है। उन्होंने सवाल उठाया कि उपरोक्त प्रकरण में संगठन अधीक्षण अभियंता से यह जानना चाहता है कि अवर अभियंता अजीत सिंह के क्षेत्र में कटे हुए कुल कितने संयोजनों की जांच उच्चाधिकारियों द्वारा किया गया तथा उनमें से कुल कितने संयोजन जुड़े हुए पाए गए? उन्होंने सवाल किया कि जाँच टीम द्वारा कटे हुए संयोजन के निरीक्षण में संयोजन जुड़ा पाए जाने पर क्या जांच अधिकारी द्वारा मौके पर उपभोक्ता चेकिंग रिपोर्ट भरी गयी? प्रकरण में क्या उपभोक्ता के विरुद्ध भी कोई कार्यवाही की गयी? और यदि नहीं, तो क्यों? क्या जांच टीम को पर्याप्त साक्ष्य मिला जिसमें कनेक्शन पुनः जुड़ा होने में अवर अभियंता की संलिप्तता परिलक्षित होती हो? क्या सम्बन्धित लाइन स्टाफ द्वारा अवर अभियंता को कटे हुए संयोजन के जुड़े होने के सम्बन्ध में कोई सूचना दी गयी थी? उन्होंने कहा कि बिना प्रक्रिया का पालन किए एकतरफा कार्रवाई करते हुए अवर अभियंता को निलम्बित किया गया है। जबकि सभी उपकेन्द्रों के अवर अभियंताओं द्वारा सीमित संसाधनों के बावजूद सकारात्मक सोच के साथ निगम हित में अन्य मूल विभागीय कार्य दायित्वों के साथ-साथ राजस्व वसूली और विद्युत विच्छेदन का कार्य भी कराया जा रहा है। हाल के दिनों में जनपद में राजस्व वसूली व विद्युत विच्छेदन की कार्यवाही के दरम्यान अभियंताओं व अधीनस्थ टीम के साथ बदसलूकी और मारपीट की कई घटनाएं हुईं हैं। कई मामलों में प्राथमिकी भी स्थानीय थानों में दर्ज कराई गई है, परन्तु क्षेत्रीय प्रबन्धन की उदासीनता के कारण ऐसे प्रकरणों में कोई प्रभावी कार्यवाही नहीं होने से अराजक तत्वों का मनोबल बढ़ा हुआ है।
संगठन के क्षेत्रीय सचिव रामा जी ने कहा कि नियमानुसार, यदि किसी उपभोक्ता द्वारा बकाये पर किए गए विच्छेदन को अपनी मर्जी से जोड़ लिया जाता है और जांच में कनेक्शन जुडा हुआ पाया जाता है, तो जांचकर्ता अधिकारी द्वारा उपभोक्ता के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में थाने पर अभियोग दर्ज कराया जाना चाहिए, जबकि इस प्रकरण में ऐसा नहीं किया गया। प्रश्नगत प्रकरण में अवर अभियंता को दोषी ठहराकर प्रबंधन को गुमराह किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इसमें अधीक्षण अभियंता का बयान अत्यंत आपत्तिजनक है। अवर अभियंता को सिर्फ इसलिए सस्पेंड किया गया कि उनके क्षेत्र में बकाए पर काटे गए कनेक्शन में से कुछ उपभोक्ताओं ने अपनी मर्जी से जोड़ लिया था, जो अवर अभियंता के संज्ञान में नहीं था। न ही इस सम्बंध में किसी माध्यम से उन्हें सूचना मिली थी। अवर अभियंता 24 घंटे काटे गए कनेक्शनों की रखवाली नहीं कर सकता। इसके लिये प्रावधान है कि यदि ऐसी घटना घटती है, तो उपभोक्ता के विरुद्ध 138 बी में प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी। चेकिंग टीम द्वारा प्राथमिकी न कराकर अवर अभियंता को बलि का बकरा बनाया गया है। यह किसी भी दशा में स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि यह किसी एक जगह का मामला नहीं है। प्रकरण में जेई की संलिप्तता पूर्णतया निराधार है। अधीक्षण अभियंता के इस मनगढंत बयान पर मेरी घोर आपत्ति है। क्षेत्रीय सचिव ने कहा कि निलम्बन वापस होने तक आज से ही कार्यालय के समक्ष धरना शुरू कर दिया गया है। धरना कार्यक्रम के दरम्यान यदि किसी अवर अभियंता का उत्पीड़न किया जायेगा तो बगैर किसी अग्रिम सूचना के संगठन के सभी सदस्य तत्काल पूर्ण रूप से कार्य बंद कर किसी भी स्तर के आन्दोलन करने हेतु बाध्य होंगे, जिसकी जिम्मेदारी आपकी होगी। बता दें कि आवास विकास उपकेन्द्र के अवर अभियंता अजीत सिंह को बुधवार को अधीक्षण अभियंता ने निलम्बित कर दिया था। गुरुवार को अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना पर बैठने वालों में पीयुष सिंह, सुनील कुमार श्रीवास्तव, एनएन भारती, राम सूरत वर्मा, संतोष सिंह, धनंजीव कुमार, विवेक कुमार, हर्षवर्धन, हितेश वर्मा, संतोष पाल, ज्ञानेन्द्र चौहान आदि उपस्थित रहे।

आवश्यकता है संवाददाताओं की

तेजी से उभरते न्यूज पोर्टल www.hindustandailynews.com को गोंडा जिले के सभी विकास खण्डों व समाचार की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थानों तथा देवीपाटन, अयोध्या, बस्ती तथा लखनऊ मण्डलों के अन्तर्गत आने वाले जनपद मुख्यालयों पर युवा व उत्साही संवाददाताओं की आवश्यकता है। मोबाइल अथवा कम्प्यूटर पर हिन्दी टाइपिंग का ज्ञान होना आवश्यक है। इच्छुक युवक युवतियां अपना बायोडाटा निम्न पते पर भेजें : jsdwivedi68@gmail.com OR 9452137310 (WhatsApp)
जानकी शरण द्विवेदी

error: Content is protected !!