-एफआईआर की प्रतिलिपि देने की एवज में मांग रहा था 15 हजार,निलंबित –

-तथ्य छिपाकर नौकरी करने वाला सिपाही बर्खास्त

गाजियाबाद। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने शनिवार को दो पुलिसकर्मियों के खिलाफ बर्खास्तागी व निलंबन की कार्रवाई की है जिसमें एक पुलिसकर्मी तथ्य छुपाकर पुलिस में नौकरी कर रहा था जबकि दूसरा पुलिस कर्मी एक व्यक्ति की एफआईआर दर्ज करने और उसकी प्रतिलिपि मुहैया करने की एवज में 15 हजार की रिश्वत मांग रहा था। एसएसपी ने बताया कि अक्षय कुमार  2012 में बीएसएफ में भर्ती हुआ था तथा लगातार गैरहाजिर होने के चलते 2014 में बीएसएफ की सेवा से बर्खास्त कर दिया गया। जिसके बाद उसने 2015 में उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में बर्खास्तगी के तथ्यों को छुपाते हुए भर्ती हो गया था। शिकायत मिलने पर इसकी जांच पुलिस अधीक्षक नगर से कराई गई।  प्रकरण की जांच में आरक्षी पर लगाए गए आरोप सत्य पाए गए और  आरक्षी द्वारा जानबूझकर तथ्यों को छुपाते हुए पुलिस विभाग में भर्ती होना पाया गया है जिसके बाद अक्षय कुमार को  सेवा से बर्खास्त किया गया है। इसके अलावा एफआईआर  दर्ज करने व उसकी प्रति देने की एवज में वादी से 15हजार रूपये की अनैतिक रूप से मांग करने के आरोपों में गोपनीय जांच के आधार पर कंप्यूटर ऑपरेटर ’गजेंद्र सिंह थाना लोनी बॉर्डर’ को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है। एसएसपी ने  सभी अधीनस्थों को सख्त हिदायत के साथ चेतावनी जारी की गई है कि यदि कोई भी अनैतिक क्रियाकलापों ,अनुचित लाभ प्राप्त करने संबंधी शिकायत प्राप्त होने पर संबंधित के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। 

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